रक्षाबंधन पर निबन्ध| hindi essay on rakshabandhan

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hindi essay on rakshabandhan : रक्षाबंधन का त्योहार हिन्दू धर्म मे एक विशेष महत्व रखने वाला पर्व है। जिसका इंतजार कई महीनों से भाई बहन करने लगते हैं ।और इसके लिए विशेष प्रकार की तैयारियां नए नए परिधान आदि काफी दिनों पहले से खरीदे जाने लगते हैं।जो लोग दूर-दराज रहते हैं।वह लोग भी अपने घरों में जाकर के अपने भाई बहन के साथ इस रक्षाबंधन के पवित्र पर्व को मनाते हैं।

आज HMJ आपको रक्षाबंधन का इतिहास, रक्षाबंधन क्यों मनाया जाता है,रक्षाबंधन का महत्व ,रक्षाबंधन 2019 कब है ,रक्षाबंधन से जुड़ी कहानियां, रक्षाबंधन पर निबंध ,रक्षाबंधन कैसे मनाया जाता है। आदि के बारे में जानकारी प्रदान करेगा।

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रक्षाबंधन क्यों मनाया जाता है?(hindi essay on rakshabandhan)

रक्षाबंधन का पर्व में बहन अपने भाई की कलाई में राखी बांध कर उसकी लम्बी उम्र की कामना करती है। साथ ही साथ भाई भी अपनई बहन को जीवन भर रक्षा करने का वचन देता है। यह पर्व लोगो का काफी चहेता पर्व है। सभी लोग बेसब्री से इस पर्व का इन्तेजार करते है।

और तरह तरह के उपहार भाई बहन एक दूसरे को देने के लिए खरीदते है। यह आपसी प्रेम, रक्षा , साथ ही साथ आजकल के युग मे एक दूसरे से जुड़े रहने का प्रतीक है। क्योंकि आजकल के आधुनिक युग मे लोग इतने व्यस्त रहते है तो इस पर्व के बहाने ही वह एक दूसरे से मिल पाते है। और जुड़े रहने का एहसास होता है।

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रक्षाबंधन का महत्व

रक्षाबंधन एक ऐसा पर्व है जो भाई बहन को एक दूसरे की रक्षा के लिए वचन दिलाता है। इसमें बहन भाई की कलाई में उसकी रक्षा के लिए राखी बांधती है। और भाई भी उसे पूर्ण जीवन रक्षा करने का वचन देता है।

यह पर्व आजकल केवल भाई बहन ही बस नही मानते है। बल्कि माता- पिता , बुवा, मासी आदि रिश्तेदारो के साथ भी मनाया जाने लगा है, जिस से आज के इस आधुनिक युग मे यह एक दूसरे से जोड़े रखने का कार्य भी करता है। और प्रत्येक व्यक्ति एक दूसरे की रक्षा के लिए हमेशा तत्पर रहते है।

रक्षाबंधन 2019 कब है ?

रक्षाबंधन 2019 15 अगस्त को है। इस वर्ष 15 अगस्त को रक्षाबंधन होंने के कारण यह और भी खास हो गया है। 15 अगस्त को दिन बृहस्पतिवार है। और रक्षाबंधन 2019 का शुभ मुहूर्त काफी लंबा है। जो कि सुबह 5:49 मिनट से शाम 6:01 मिनट तक है।

रक्षाबंधन कैसे मनाया जाता है?

रक्षाबंधन को मनाने के लिए सर्वप्रथम लोग सुबह सुबह स्नान करते हैं।उसके पश्चात नए-नए परिधान को पहन करके तैयार होते हैं।फिर बहन राखी बांधने के लिए राखी की थाली को तैयार करती हैं।जिसमें रोली चंदन, मिठाइयां, राखी और घी का दिया जलाया जाता है।

उसके पश्चात थाली तैयार होने के बाद बहन अपने भाई की आरती उतारती है।और फिर रोली चंदन उसके मस्तक में लगाती है। फिर बहन उसके हाथों में राखी बांधती है।और मिठाईयां खिलाती है।आदि प्रक्रिया रक्षाबंधन के पर्व को मनाने के लिए की जाती है।

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रक्षाबंधन से जुड़ी कहानियां

रक्षाबंधन से संबंधित कृष्ण और द्रौपदी के बीच की कहानी

शिशुपाल और कृष्ण के बीच युद्ध चल रहा था ।उसी युद्ध के समय श्रीकृष्ण की तर्जनी में चोट लग जाती है ।उसके पश्चात द्रोपदी ने अपनी साड़ी का पल्लू फाड़कर श्री कृष्ण के तर्जनी में बांध दिया।

उसके बाद श्रीकृष्ण ने उनकी रक्षा के लिए वचन दिया । और द्रौपदी के चीरहरण के समय श्रीकृष्ण ने उनकी रक्षा की थी। यह घटना सावन मास की पूर्णिमा को हुई थी। तभी से लोग कहते हैं कि रक्षाबंधन का पर्व मनाया जाता है।

राजा पुरु और सिकंदर की पत्नी की रक्षा बंधन से संबंधित कहानी

राजा पुरु और सिकंदर एक दूसरे के शत्रु थे। पुरु एक पराक्रमी राजा था।ऐसा कहा जाता है कि सिकंदर की पत्नी राजा पुरु के लिए राखी भिजवाई थी।और उनसे यह वचन लिया था। कि युद्ध में वह उनके पति के प्राण नहीं लेंगे।

रानी कर्णावती और हुमायूं से संबंधित रक्षाबंधन की कहानी

यह घटना 1535 ई की है। हुमायूं अपने राज्य का विस्तार कर रहा था। जब रानी कर्णवती को लगा कि उनकी और उनकी प्रजा की बहादुरशाह रक्षा नही कर पा रहे है। तो उन्होंने हुमायू को राखी भेजी।

वैसे तो हुमायूं किसी के भी आगे झुकता नही था। पर हुमायूं रानी कर्णावती के द्वारा भेजी गई राखी से पिघल गया। और उसने अपनी सेना को युद्ध रोकने के लिए कहा। उसके बाद हुमायू ने रानी कर्णावती को सम्पूर्ण जीवन रक्षा करने का वचन दिया।

उपसंहार

आजकल के इस बदलते युग मे महिलाएं पुरुषों से कंधे से कंधा मिला कर चल रही है। इसीलिए हमे उनकी रक्षा का वचन लेने के साथ साथ उन्हें इस काबिल बनाने के लिए प्रोत्साहित करना चाहिए। कि वह अपनी रक्षा स्वयं ही कर सके। और रक्षाबंधन का पर्व तो है ही आपसी सौहार्द का जो कि हमे एक दूसरे से जोड़े रखता है।

आशा है कि हमारे द्वारा रक्षाबंधन का इतिहास, रक्षाबंधन क्यों मनाया जाता है, रक्षाबंधन का महत्व , रक्षाबंधन 2019 कब है, रक्षाबंधन से जुड़ी कहानियां, रक्षाबंधन पर निबन्ध 2019, मेरे प्रिय त्योहार रक्षाबंधन पर निबन्ध,रक्षाबंधन पर निबन्ध for class 5,रक्षाबंधन पर निबन्ध for class 2,.रक्षाबंधन पर 10 लाइन , रक्षाबंधन पर 100 शब्दो मे निबन्ध,रक्षाबंधन पर निबन्ध 10 line, History of rakshabndhan in hindi, why rakshabandhan celebrated in hindi, story of rakshabandhan, rakshabandhan par nibndh ,essay on rakshabandhan, rakshabandhan essay in hindi की जानकारी आपको पसंद आई होगी , इसे जरूर शेयर करे।

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