समावेशी शिक्षा, अर्थ , परिभाषा, उद्देश्य

शिक्षा

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समावेशी शिक्षा एक प्रकार की ऐसी प्रक्रिया है। जिसके द्वारा किसी भी भेदभाव व अंतर के समाज के प्रत्येक वर्ग को शिक्षा प्रदान की जाती है। ताकि समाज के सभी बालको को एक स्तर पर लाया जा सके।

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समावेशी शिक्षा
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समावेशी शिक्षा की परिभाषा

उमातुलि के अनुसार

“समावेशन एक प्रक्रिया है, जिसमे प्रत्येक विद्यालय को दैहिक, संवेगात्मक, तथा सीखने की आवश्यकता को पूरा करने के लिए संसाधनों का विस्तार करना होता है।”

शैक्षिक समावेशन का अर्थ

शैक्षिक समावेशन इस प्रकार की ऐसी प्रक्रिया है जिसके द्वारा विभिन्न प्रकार की विशेषताएं रखने वाले बालकों को एक समान शिक्षा दी जाती है।

शैक्षिक समावेशन की परिभाषाएं

श्रीमती आरके शर्मा के अनुसार

“शैक्षिक समावेशन एक ऐसी शिक्षा व्यवस्था है जिसके द्वारा प्रतिभाशाली एवं शारीरिक रूप से अक्षम छात्रों को सूचित किया जाता है।”

प्रोफेसर एस.के.दुबे के अनुसार

“शैक्षिक समावेशन एक ऐसी शिक्षा प्रणाली है जो छात्रों की योग्यता क्षमता एवं स्थितियों के अनुरूप दी जाती है।”

शैक्षिक समावेशन की विशेषताएं

शैक्षिक समावेशन की विशेषताएं निम्नलिखित हैं।

1.शैक्षिक समावेशन में प्रयोग की जाने वाली विधियां अन्य शिक्षण विधियों से भिन्न है।

2.शैक्षिक समावेशन प्रतिभाशाली एवं बालक दोनों तरह के लिए प्रयोग की जाती है।

3.इस प्रकारकी शिक्षा प्रणाली में छात्रों की मानसिक स्तर का विशेष रूप से ध्यान दिया जाता है।

4.सामान्य रूप से कार्य न कर पाने वाले छात्रों के लिए यह विशेष रूप से शिक्षा प्रदान की जाती है।

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समावेशी शिक्षा के सिद्धान्त

समावेशी शिक्षा के सिद्धान्त निम्न है।

1.बालकों में एक सी अधिगम की प्रवृत्ति है।

2.बालकों को समान शिक्षा का अधिकार है।

3.सभी राज्यों का यह दायित्व है कि वह सभी वर्गों के लिए यथोचित संसाधन सामग्री धन तथा सभी संसाधन उठाकर स्कूलों के माध्यम से उनकी गुणवत्ता में सुधार करके आगे बढ़ाएं।

4.शिक्षण में सभी वर्गों,शिक्षक, परिवार तथा समाज का दायित्व है कि समावेशी शिक्षा में अपेक्षित सहयोग करें।

समावेशी शिक्षा के उद्देश्य

समावेशी शिक्षा की निम्निलिखित उद्देश्य है।

1.बालक के विकास के लिए सहायक वातावरण उपलब्ध कराना।

2.बालक में समाज के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण लाना

3.समाज का बालको के प्रति संवेदनशीलता का विका

4.सीखने की प्रवृति का विकास

5.बालको में नवजीवन का संचार

6.बालको को स्वालंबी होने के लिए व्यवसायिक शिक्षा प्रदान करना।

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